
पंजाब के फिरोजपुर में चुनावी रंजिश ने एक बार फिर हिंसक रूप ले लिया। मामदोट में मोटरसाइकिल सवार लोगों पर कार सवार हमलावरों ने ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। वारदात में 45 वर्षीय गुरप्रीत सिंह की मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल है।
मामदोट में अचानक गूंजने लगी गोलियों की आवाज
फिरोजपुर जिले के मामदोट कस्बे में हुई गोलीबारी से इलाके में दहशत फैल गई। जानकारी के मुताबिक, कार में सवार हमलावरों ने मोटरसाइकिल पर जा रहे दो लोगों को निशाना बनाकर फायरिंग की। गोली लगने से 45 वर्षीय गुरप्रीत सिंह की मौत हो गई, जबकि हरप्रीत सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए।
AAP नेता के करीबी बताए जा रहे थे गुरप्रीत
मृतक गुरप्रीत सिंह आम आदमी पार्टी के नगर पंचायत प्रधान विक्की मेनी के करीबी बताए जा रहे हैं। घटना के वक्त विक्की मेनी भी मौके पर मौजूद थे, लेकिन वह हमलावरों की फायरिंग में बाल-बाल बच गए। वारदात के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया।
पुलिस ने चुनावी रंजिश की जताई आशंका
फिरोजपुर के एसएसपी भूपेंद्र सिंह सिद्धू के मुताबिक, शुरुआती जांच में घटना के पीछे पुरानी चुनावी रंजिश की बात सामने आ रही है। हालांकि पुलिस गोलीबारी के अन्य संभावित कारणों की भी जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार हमलावरों की पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।

अस्पताल पहुंचने से पहले हो चुकी थी मौत
सिविल अस्पताल के डॉक्टर ने बताया कि करीब रात आठ बजे दो घायलों को अस्पताल लाया गया था। इनमें गुरप्रीत सिंह की मौत हो चुकी थी। वहीं दूसरे घायल हरप्रीत सिंह की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें बेहतर इलाज के लिए दूसरे अस्पताल रेफर किया गया।
हमलावरों की तलाश में छापेमारी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस अब हमलावरों तक पहुंचने के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। घटनास्थल से जुड़े साक्ष्यों और अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
चुनावी रंजिश ने बढ़ाई चिंता
मामदोट की यह वारदात पंजाब में राजनीतिक और चुनावी रंजिश से जुड़ी हिंसा को लेकर फिर सवाल खड़े करती है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उन्हें जल्द गिरफ्तार करने का प्रयास जारी है। अब जांच से यह स्पष्ट होगा कि हमले की पूरी साजिश किसने और किस वजह से रची।
