राज्य

दिल्ली में स्वाइन फ्लू ने तोड़ा 7 साल का रिकॉर्ड, 3,218 मामले; जानें बचाव के तरीके

दिल्ली-NCR समेत देश के कई हिस्सों में स्वाइन फ्लू के बढ़ते मामलों ने चिंता बढ़ा दी है। राजधानी में इस साल अब तक 3,218 मामले सामने आ चुके हैं, जो सात वर्षों में सबसे अधिक बताए जा रहे हैं। विशेषज्ञ मौसम में बदलाव को फ्लू के बढ़ते मामलों से जोड़ रहे हैं।

दिल्ली में तेजी से बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के मामले

दिल्ली में स्वाइन फ्लू यानी H1N1 संक्रमण के मामलों में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। सोमवार को राजधानी में 164 नए मामले सामने आए। इसके साथ ही 31 अगस्त तक इस साल कुल मामलों की संख्या बढ़कर 3,218 हो गई है।

स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने और फ्लू जैसे लक्षण दिखाई देने पर समय रहते डॉक्टर से सलाह लेने की अपील की है।

सात साल में सबसे ज्यादा मामले

दिल्ली में इस साल सामने आए मामले पिछले कुछ वर्षों की तुलना में काफी अधिक हैं। साल 2024 में राजधानी में स्वाइन फ्लू के 3,151 मामले दर्ज किए गए थे। वहीं, इस साल 31 अगस्त तक ही यह आंकड़ा 3,200 के पार पहुंच गया।

मार्च में अकेले 315 मामले सामने आने की जानकारी दी गई है। आंकड़ों ने राजधानी में फ्लू के मौसमी प्रकोप को लेकर चिंता बढ़ाई है।

दिल्ली में स्वाइन फ्लू ने तोड़ा 7 साल का रिकॉर्ड, 3,218 मामले; जानें बचाव के तरीके

2019 में भी सामने आए थे हजारों मामले

नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल (NCDC) की रिपोर्ट के मुताबिक, 2019 में दिल्ली में स्वाइन फ्लू के 3,627 मामले सामने आए थे और 31 मरीजों की मौत हुई थी।

इसके बाद 2020 में 412, 2021 में 92, 2022 में 442 और 2025 में 229 मामले दर्ज किए गए थे। 2024 में मामलों की संख्या 3,151 रही थी। इस साल अगस्त खत्म होने से पहले ही आंकड़ा उससे आगे निकल गया।

ICMR ने कहा- घबराने की जरूरत नहीं

ICMR के DG डॉ. राजीव बहल के मुताबिक, देश में इन्फ्लूएंजा की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। उन्होंने कहा कि मौजूदा वायरस हाल के वर्षों में देखे गए मौसमी पैटर्न के अनुरूप हैं।

उनके अनुसार, भारत में H1N1 में अपेक्षित मौसमी बदलाव देखे गए हैं और अब तक किसी असामान्य जेनेटिक बदलाव की जानकारी नहीं मिली है। यानी बढ़ते मामलों के बावजूद फिलहाल घबराने की जरूरत नहीं बताई गई है।

फ्लू से बचने के लिए इन बातों का रखें ध्यान

स्वास्थ्य विभाग लोगों को संक्रमण से बचने के लिए सामान्य सावधानियां बरतने की सलाह दे रहा है।

  • खांसते या छींकते समय नाक और मुंह ढकें।
  • साबुन और पानी से बार-बार हाथ धोएं या हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें।
  • बीमार होने पर घर पर रहें और दूसरों से करीबी संपर्क कम करें।
  • पर्याप्त पानी पिएं और शरीर को आराम दें।
  • पौष्टिक और संतुलित भोजन लें।
  • लक्षण गंभीर हों या लगातार बने रहें तो डॉक्टर से संपर्क करें।
  • जांच और इलाज को लेकर डॉक्टर की सलाह का पालन करें।

लक्षणों को नजरअंदाज न करें

बुखार, खांसी, गले में खराश, शरीर में दर्द और थकान जैसे फ्लू के लक्षण दिखाई देने पर सावधानी जरूरी है। खासकर यदि लक्षण लगातार बढ़ रहे हों या हालत बिगड़ रही हो, तो खुद से दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेना बेहतर है।

दिल्ली में बढ़ते स्वाइन फ्लू के मामलों के बीच सबसे जरूरी है कि लोग घबराएं नहीं, लेकिन लापरवाही भी न बरतें। सावधानी, स्वच्छता और समय पर चिकित्सकीय सलाह संक्रमण के जोखिम को कम करने में मदद कर सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button