
नीट यूजी री-एग्जाम से पहले केंद्र सरकार ने परीक्षा की सुरक्षा को लेकर बड़ा कदम उठाया है। नकल और पेपर लीक की आशंकाओं को रोकने के लिए टेलीग्राम पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया गया है, जबकि एनटीए ने छात्रों की सुविधा के लिए परीक्षा व्यवस्था में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं।
री-एग्जाम से पहले सरकार का सख्त कदम
नीट यूजी 2026 की दोबारा परीक्षा से पहले केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए टेलीग्राम पर 22 जून तक अस्थायी रोक लगाने का ऐलान किया है। इसके अलावा 30 जून तक मैसेज एडिट करने की सुविधा भी बंद रखने का निर्णय लिया गया है। सरकार का मानना है कि इससे परीक्षा से जुड़ी संवेदनशील जानकारी के दुरुपयोग और नकल गिरोहों की गतिविधियों पर रोक लगाई जा सकेगी।
21 जून को होगी दोबारा परीक्षा
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने पुष्टि की है कि नीट यूजी 2026 की री-एग्जाम 21 जून को आयोजित की जाएगी। लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ी इस परीक्षा को पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। एनटीए ने केंद्र सरकार के फैसले का स्वागत करते हुए इसे परीक्षा की निष्पक्षता के लिए महत्वपूर्ण बताया है।

परीक्षा समय में किया गया बदलाव
इस बार परीक्षा दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजकर 15 मिनट तक आयोजित होगी। कुल 195 मिनट की अवधि में परीक्षा से जुड़ी सभी औपचारिकताएं भी शामिल रहेंगी। छात्रों की लंबे समय से यह शिकायत रही थी कि औपचारिक प्रक्रियाओं के कारण वास्तविक परीक्षा समय प्रभावित होता है। नई व्यवस्था इस समस्या को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
रफ वर्क के लिए मिलेगी अतिरिक्त सुविधा
एनटीए ने छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रफ वर्क के लिए उपलब्ध पन्नों की संख्या भी बढ़ा दी है। पहले प्रश्न पुस्तिका में केवल दो पृष्ठ दिए जाते थे, लेकिन अब छात्रों को चार पृष्ठ मिलेंगे। इससे गणितीय गणनाओं, आरेखों और जटिल तर्क आधारित प्रश्नों को हल करने में आसानी होगी।
नकल और पेपर लीक पर रहेगा फोकस
पिछले वर्षों में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक और नकल के मामलों ने चिंता बढ़ाई थी। इसी को देखते हुए सरकार और एनटीए इस बार तकनीकी और प्रशासनिक स्तर पर अतिरिक्त सतर्कता बरत रहे हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर निगरानी भी बढ़ाई गई है।
छात्रों को मिल सकती है राहत
परीक्षा समय में बदलाव और अतिरिक्त रफ वर्क पन्नों की सुविधा से छात्रों को बेहतर प्रदर्शन करने का अवसर मिलेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इन कदमों से परीक्षा का अनुभव अधिक व्यवस्थित और छात्र-हितैषी बनेगा।
नीट यूजी री-एग्जाम को लेकर सरकार और एनटीए दोनों पूरी सतर्कता के साथ तैयारी कर रहे हैं। टेलीग्राम पर अस्थायी रोक और परीक्षा में किए गए सुधार इस बात का संकेत हैं कि इस बार निष्पक्षता और पारदर्शिता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। छात्रों के लिए यह एक नया अवसर है, जहां वे बेहतर तैयारी और आत्मविश्वास के साथ परीक्षा में शामिल हो सकते हैं।
