अमृतपाल सिंह की NSA हिरासत खत्म, रिहाई के बाद फिर गिरफ्तारी संभव

डिब्रूगढ़ सेंट्रल जेल में बंद अमृतपाल सिंह की राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत चल रही हिरासत 22 अप्रैल की रात समाप्त होने जा रही है। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने उनकी डिटेंशन को आगे बढ़ाने से इनकार कर दिया है। अमृतपाल को 23 अप्रैल 2023 को NSA के तहत हिरासत में लिया गया था और तब से वह जेल में बंद हैं। उनकी प्रारंभिक हिरासत 2024 तक वैध थी, जिसे दो बार बढ़ाया गया था, लेकिन अंतिम विस्तार अब समाप्त हो चुका है। इसके बावजूद कानूनी प्रक्रिया के चलते उनकी तत्काल रिहाई की संभावना बेहद कम मानी जा रही है।
रिहाई के तुरंत बाद दोबारा गिरफ्तारी की तैयारी में पंजाब पुलिस
NSA की अवधि समाप्त होने के बावजूद अमृतपाल सिंह को तुरंत आज़ादी मिलने के आसार नहीं हैं। हाईकोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि उनके खिलाफ दर्ज अन्य मामलों में कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। इसी के चलते पंजाब पुलिस ने उन्हें फिर से गिरफ्तार करने की तैयारी कर ली है। पुलिस की एक वरिष्ठ टीम पहले ही डिब्रूगढ़ पहुंच चुकी है। माना जा रहा है कि रिहाई के तुरंत बाद उन्हें अन्य मामलों में हिरासत में ले लिया जाएगा, जिससे उनकी कानूनी मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।

वॉरिस पंजाब दे प्रमुख पर गंभीर मामलों की लंबी सूची
अमृतपाल सिंह पर कुल 12 मामले दर्ज हैं, जिनमें उनके संगठन ‘वारिस पंजाब दे’ से जुड़े 41 सहयोगी भी शामिल हैं। सबसे चर्चित मामला फरवरी 2023 का अजनाला पुलिस स्टेशन हमला है, जिसमें हिंसक घटनाओं के आरोप लगे थे। केस नंबर 39/2023 इसी घटना से जुड़ा है। इसी मामले के चलते उन्हें NSA के तहत डिब्रूगढ़ जेल भेजा गया था। उनके कई सहयोगियों को भी इसी अवधि में गिरफ्तार किया गया था, जिन्हें बाद में पंजाब लाया गया।
जेल में रहते हुए सांसद बनने तक पहुंचा राजनीतिक सफर
दिलचस्प बात यह है कि हिरासत के दौरान ही अमृतपाल सिंह ने 2024 का लोकसभा चुनाव खडूर साहिब सीट से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में लड़ा और जीत हासिल की। उन्होंने 5 जुलाई 2024 को सांसद पद की शपथ ली, जो अब तक उनकी संसद में एकमात्र उपस्थिति रही है। बाद में उनकी पैरोल याचिकाएं भी खारिज कर दी गईं। इसी बीच फरवरी 2024 में जेल से CCTV कैमरा समेत प्रतिबंधित इलेक्ट्रॉनिक सामान मिलने के मामले में भी उनके खिलाफ केस दर्ज हुआ, जिसकी जांच अभी चल रही है।
