शेयर बाजार में तेजी के बीच निवेशकों की नजर वैश्विक घटनाओं पर टिकी

भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार, 17 अप्रैल 2026 को मजबूत खरीदारी देखने को मिली, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी लगातार दूसरे सप्ताह बढ़त के साथ बंद हुए। सेंसेक्स 505 अंक की बढ़त के साथ 78,493.54 पर और निफ्टी 50 157 अंक चढ़कर 24,353.55 पर बंद हुआ। इस तेजी में मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों ने भी बेहतर प्रदर्शन किया, जिससे व्यापक बाजार में सकारात्मक माहौल बना रहा।
वैश्विक घटनाक्रम और कच्चे तेल की कीमतें बनीं प्रमुख ट्रिगर
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार आने वाले हफ्ते में शेयर बाजार की दिशा मुख्य रूप से वैश्विक घटनाओं से तय होगी। US-ईरान वार्ता, भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव निवेशकों की धारणा को प्रभावित करेंगे। ब्रेंट क्रूड और WTI में हालिया गिरावट ने फिलहाल राहत दी है, लेकिन विशेषज्ञ मानते हैं कि किसी भी नए तनाव से बाजार में फिर से अस्थिरता लौट सकती है। तेल की कीमतों में स्थिरता या गिरावट से इक्विटी बाजार को समर्थन मिलने की संभावना है।

Q4 नतीजों पर टिकी नजर, बड़े बैंक और आईटी कंपनियां फोकस में
इस सप्ताह बाजार की सबसे बड़ी दिशा तय करने वाला फैक्टर कंपनियों के चौथी तिमाही (Q4 FY26) के नतीजे होंगे। HCL Technologies, Infosys, Tech Mahindra, IndusInd Bank और अन्य बड़ी कंपनियों के परिणाम आने वाले हैं, जबकि HDFC Bank और ICICI Bank जैसे दिग्गजों के नतीजों पर शुरुआती प्रतिक्रिया देखने को मिलेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि मजबूत नतीजे और मैनेजमेंट कमेंट्री बाजार में तेजी को और समर्थन दे सकते हैं, जबकि कमजोर आंकड़े दबाव बना सकते हैं।
FII की बिकवाली, गोल्ड-सिल्वर में तेजी और निवेशकों की सतर्कता
विदेशी निवेशकों (FII) ने अप्रैल में भारतीय डेट मार्केट से 1.23 अरब डॉलर से अधिक की बिकवाली की है, जिससे बाजार में चिंता बढ़ी है। हालांकि पिछले कुछ सत्रों में रुपये की स्थिरता के चलते हल्की खरीदारी भी देखी गई है। दूसरी ओर, सोने और चांदी की कीमतों में तेजी जारी है, जहां गोल्ड 2% से अधिक और सिल्वर 7% से ज्यादा बढ़ चुका है। विशेषज्ञों के अनुसार डॉलर की कमजोरी और वैश्विक अनिश्चितता ने कीमती धातुओं को सपोर्ट दिया है, जबकि निवेशक अभी भी सतर्क रुख अपनाए हुए हैं।
