हिमंता बिस्वा सरमा ने जलुकबारी से किया नामांकन, दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने की तैयारी

असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और पुदुचेरी में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर राजनीतिक पार्टियों की तैयारियां जोरों पर हैं। सभी पार्टियों ने अपने उम्मीदवारों की लिस्ट जारी करना शुरू कर दिया है। चुनाव 9 अप्रैल से 29 अप्रैल, 2026 तक आयोजित किए जाने हैं। इस बीच, राजनीतिक माहौल गरम होता जा रहा है और सभी दल अपनी ताकत और प्रभाव दिखाने में जुटे हैं। चुनाव आयोग ने भी मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट लागू कर दिया है, ताकि चुनाव निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो सकें।
हिमंता बिस्वा सरमा ने जताई सत्ता में वापसी की तैयारी
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने जलुकबारी विधानसभा सीट से अपनी नामांकन फाइल दर्ज कराई है। उनका लक्ष्य असम में दूसरी बार मुख्यमंत्री पद पर बने रहना है। उन्होंने जिला कमिश्नर कार्यालय, कामरूप (मेट्रो) में नामांकन दाखिल किया और बड़ी संख्या में बीजेपी समर्थकों के साथ पहुंचे। यह शो उनके जनाधार और सत्ता की ताकत को दर्शाने के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषक इसे चुनाव से पहले पार्टी की मजबूती के संकेत के रूप में देख रहे हैं।

चुनाव आयोग की सख्त निगरानी और निगरानी टीमों का सक्रिय रोल
चुनाव आयोग ने चुनावी खर्च की निगरानी के लिए फ्लाइंग स्क्वॉड टीम और सर्विलांस टीमों को सक्रिय कर दिया है। आयोग ने बुधवार, 18 मार्च 2026 तक कुल ₹42.65 करोड़ मूल्य के नकद और अन्य सामान जब्त किए हैं। यह कार्रवाई चुनावी आचार संहिता के पालन और अवैध खर्च पर नियंत्रण के लिए की जा रही है। आयोग ने कहा कि यह सुनिश्चित करना प्राथमिकता है कि चुनाव निष्पक्ष और स्वतंत्र रूप से संपन्न हों, और किसी भी प्रकार की अनियमितता को तुरंत रोका जाए।
चुनाव की तारीखें और मतदान प्रक्रिया
असम, केरल और पुदुचेरी में मतदान 9 अप्रैल, 2026 को होगा। तमिलनाडु में चुनाव 23 अप्रैल को आयोजित किए जाएंगे। पश्चिम बंगाल में चुनाव दो चरणों में होंगे—पहला चरण 23 अप्रैल और दूसरा चरण 29 अप्रैल को। सभी राज्यों में मतगणना एक साथ 4 मई, 2026 को होगी। इन चुनावों के परिणाम पूरे देश में राजनीतिक परिदृश्य को प्रभावित कर सकते हैं, और सभी पार्टियों की नजरें सत्ता पर टिकी हैं।
