FASTag टोल बढ़ोतरी से सफर हुआ महंगा, 1 अप्रैल से जेब पर बढ़ेगा बोझ

अगर आप नेशनल हाईवे या एक्सप्रेसवे पर नियमित यात्रा करते हैं तो यह खबर आपके लिए महत्वपूर्ण है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी NHAI ने 1 अप्रैल से शुरू हो रहे नए वित्तीय वर्ष के साथ टोल प्लाजा की दरों में बढ़ोतरी की घोषणा की है। इस फैसले के बाद देशभर के हाईवे और एक्सप्रेसवे पर सफर करना महंगा हो जाएगा। औसतन टोल शुल्क में 4 से 5 प्रतिशत तक की वृद्धि की गई है। इसका सीधा असर उन लोगों पर पड़ेगा जो रोजाना या अक्सर लंबी दूरी की यात्रा करते हैं।
दिल्ली और उत्तर भारत के रूट्स पर असर
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे जैसे व्यस्त रूट पर टोल दरों में लगभग 5 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। यहां हल्के वाहनों जैसे कार, जीप और वैन के लिए एक तरफ का टोल 170 रुपये से बढ़कर 175 रुपये हो गया है। वहीं वापसी यात्रा के लिए शुल्क 255 रुपये से बढ़कर 265 रुपये तक पहुंच गया है। इसी तरह उत्तर प्रदेश के लखनऊ-कानपुर और अन्य रूट्स पर भी 5 से 10 प्रतिशत तक टोल बढ़ोतरी देखी जाएगी। इससे स्थानीय यात्रियों और दैनिक आवागमन करने वालों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा।

दक्षिण और पश्चिम भारत के रूट्स पर प्रभाव
दक्षिण भारत में बेंगलुरु-मैसूर एक्सप्रेसवे और बेंगलुरु एयरपोर्ट रोड जैसे महत्वपूर्ण मार्गों पर भी टोल दरों में वृद्धि की गई है। यहां कारों के टोल में फिलहाल ज्यादा बदलाव नहीं किया गया है लेकिन बड़े वाहनों जैसे LCV और ट्रकों के लिए शुल्क में वृद्धि होगी। तमिलनाडु में मौजूद 65 से अधिक टोल प्लाजा पर भी बढ़ोतरी का असर देखा जाएगा। चेन्नई बाईपास और चेन्नई-तिरुपति हाईवे जैसे व्यस्त मार्गों पर यात्रा अब पहले से अधिक महंगी हो जाएगी।
राजस्थान और अन्य राज्यों में यात्रियों पर असर
राजस्थान में दिल्ली-जयपुर, जयपुर-अजमेर और जयपुर-किशनगढ़ जैसे रूट्स पर टोल दरों में 5 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की संभावना है। उदाहरण के तौर पर जयपुर-किशनगढ़ रूट पर कारों का टोल 140 रुपये से बढ़कर 155 रुपये तक पहुंच सकता है। वहीं दिल्ली से मुंबई तक लंबी दूरी की यात्रा करने वालों को हर टोल प्लाजा पर अतिरिक्त 5 से 15 रुपये अधिक चुकाने पड़ सकते हैं। दिल्ली-सोनीपत-पानीपत और अंबाला-चंडीगढ़ जैसे रूट्स पर भी निजी और कमर्शियल दोनों वाहनों के लिए यात्रा खर्च में बढ़ोतरी तय मानी जा रही है।
