Asia Cup 2025: मनोज तिवारी ने कहा मैं एशिया कप नहीं देखना चाहता और इसे बहिष्कार करूंगा

Asia Cup 2025: ट्वेंटी-20 वर्ल्ड कप 2024 के बाद पहली बार एशिया कप 2025 में भारत और पाकिस्तान की क्रिकेट टीमें आमने-सामने होंगी। यह हाई-वोल्टेज मुकाबला 14 सितंबर को होगा। इस मैच को लेकर पहले ही विवाद शुरू हो गया है। कई राजनीतिक और सामाजिक नेता इस मुकाबले को लेकर सवाल उठा रहे हैं। पश्चिम बंगाल के मंत्री और पूर्व भारतीय क्रिकेटर मनोज तिवारी ने कहा कि वे एशिया कप का बहिष्कार करेंगे और इसे देखना पसंद नहीं करेंगे।
पॉलिटिकल और सुरक्षा संबंधी चिंताएं
मनोज तिवारी ने मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके लिए यह समझना मुश्किल है कि पाहलगाम हमले जैसे घटना के बाद कोई खेल का आनंद कैसे ले सकता है। उन्होंने BCCI से अपील की कि इस स्थिति पर ध्यान दिया जाना चाहिए। उनके अनुसार खेल भावना और वास्तविकता अलग हैं। उन्होंने कहा कि जब हमें पता है कि पाकिस्तान से आतंकवादी आ रहे हैं और उनकी सरकार इसे रोकने का कोई प्रयास नहीं कर रही, तब खेल को प्राथमिकता देना उचित नहीं है।
#WATCH | Kolkata | On India to face Pakistan in the Asia Cup 2025, former Indian Cricketer & West Bengal Minister, Manoj Tiwary, says, "I am boycotting the Asia Cup. I would not like to watch it… It is beyond my understanding how someone can enjoy sports in this context. After… pic.twitter.com/LiTB6IReZY
— ANI (@ANI) August 30, 2025
मनोज तिवारी का भारत-पाक मैच पर दृष्टिकोण
मनोज तिवारी ने सवाल उठाया कि भारत-पाकिस्तान के मैच से हम क्या साबित करना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि जीवन की सुरक्षा खेल से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने यह भी कहा कि पहले आतंकवादियों के कारण कई निर्दोष लोग मारे गए और उसके बाद युद्ध जैसी स्थिति पैदा हुई थी। लेकिन कुछ महीनों में सब कुछ भूल गया और अब मैच की तैयारियां हो रही हैं। उनका कहना था कि ऐसे समय में इस मैच का आयोजन सही संदेश नहीं देता।
भारत-पाकिस्तान मैच की संभावित तारीखें
एशिया कप 2025 में भारत-पाकिस्तान मुकाबला 14 सितंबर को ग्रुप A में होगा। अगर दोनों टीमें सुपर-4 में पहुंचती हैं तो उनका दूसरा मुकाबला 21 सितंबर को हो सकता है। इसके अलावा, यदि दोनों टीमें फाइनल में पहुँचती हैं तो तीसरा मैच भी 28 सितंबर को हो सकता है। इस प्रकार, इस टूर्नामेंट में भारत और पाकिस्तान के बीच तीन बार मैच होने की संभावना है। ऐसे मुकाबले क्रिकेट प्रेमियों के लिए रोमांचक तो होंगे, लेकिन सुरक्षा और राजनीतिक दृष्टिकोण से इन पर सवाल उठना भी स्वाभाविक है।