वेल्लोर मंदिर उत्सव में 60 फुट ऊंचा रथ पलटा, सात लोग गंभीर रूप से घायल

तमिलनाडु के वेल्लोर जिले में मयनाकोलई उत्सव के दौरान शोभा यात्रा के दौरान 60 फुट ऊंचा रथ अचानक पलट गया। इस हादसे में सात लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार यह रथ मयनाकोलई उत्सव का हिस्सा था, जो मृतकों के सम्मान में आयोजित किया जाता है। उत्सव के लिए रथ को बड़े जश्न और तैयारी के साथ सजाया जाता है। हादसे के बाद आसपास के लोग और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
रथ उत्सव की इतिहास और पिछली घटनाएं
मयना कोल्लई उत्सव और इसकी शोभा यात्रा का इतिहास कई साल पुराना है। पहले भी कुछ सालों पहले इसी मंदिर में रथ पलटने की घटना हो चुकी है। साल 2024 में पलारू नदी के किनारे अंगलापरमेस्वरी अम्मन की मूर्ति ले जाने के दौरान रथ का संतुलन बिगड़ गया था और ऊपरी हिस्सा ढह गया था। उस समय 30 वर्षीय विमलराज वेनमानी रथ के नीचे फंस गए थे और उन्हें गंभीर चोटें आई थीं। ऐसे हादसे इस उत्सव की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हैं।

हादसे का कारण और प्राथमिक जानकारी
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि जैसे ही भक्तों ने रथ को घुमाने की कोशिश की, उसका संतुलन अचानक बिगड़ गया। रथ का ऊपरी हिस्सा ढहने से वहां मौजूद लोग घायल हो गए। प्रशासन ने बताया कि सभी घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया और उनकी हालत गंभीर है। पुलिस और स्थानीय अधिकारी हादसे की जांच में जुट गए हैं ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
सुरक्षा के उपाय और भविष्य की योजना
स्थानीय प्रशासन और मंदिर प्रबंधन ने रथ यात्रा के दौरान सुरक्षा के लिए अतिरिक्त कदम उठाने का निर्णय लिया है। भविष्य में रथ को संभालने के लिए प्रशिक्षित कर्मियों की टीम रखी जाएगी। इसके अलावा रथ की स्थिरता और वजन को लेकर नए नियम बनाए जाएंगे। भक्तों से अपील की गई है कि वे उत्सव में संयम बनाए रखें और आयोजकों के निर्देशों का पालन करें ताकि इस प्रकार की घटनाएं दोबारा न हों।
